Home Home Loan Home Loan Kya Hai Home Loan Ke Prakar Best Guide In Hindi...

Home Loan Kya Hai Home Loan Ke Prakar Best Guide In Hindi 2021

home loan kya hai

नमस्कार दोस्तों, यहाँ हम जानने वाले हैं कि होम लोन क्या होता है (Home Loan Kya Hai), होम लोन कितने प्रकार का होता है (Loan Ke Prakar) और होम लोन के लिए कैसे अप्लाई करे।

अपना घर हर किसी का सपना होता है, हर कोई चाहता है कि उसका खुद का घर हो जिसमे वह अपने परिवार के साथ बिना किसी परेशानी के रह सके।

पर आज की महंगाई के समय में मकान के लिए जमीन(प्लॉट) लेना फिर उस पर मकान बनवाना या बना बनाया मकान खरीदना इतना महंगा हो गया है कि हर किसी के लिए एक साथ इतना पैसा जमा कर पाना आसान नहीं होता।

ऐसे में अपने घर के सपने को पूरा करने, घर बनवाने, जमीन खरीदने, घर खरीदने, घर में सुधार करवाने, घर में कुछ नया जुड़वाने जैसे सभी कामों में होम लोन आपकी मदद करता है।

आपके अपने घर के सपने को साकार करता है तो आइये विस्तार से जानते हैं कि होम लोन क्या होता है (Home Loan Kya Hai), होम लोन कितने प्रकार का होता है (Loan Ke Prakar) और होम लोन के लिए कैसे अप्लाई करे।

Contents hide
2 होम लोन कितने प्रकार का होता है (Home Loan Ke Prakar)
2.1 होम लोन के प्रकार (उद्देश्य के आधार पर)

होम लोन क्या होता है (Home Loan Kya Hai)

मकान से सम्बंधित किसी भी कार्य जैसे घर बनवाने, घर खरीदने, मरम्मत करवाने आदि के लिए किसी बैंक या फाइनेंस कंपनी से लिया गया ऋण होम लोन कहलाता है जिसका भुगतान लोन लेने वाला मासिक/तिमाही/छमाही किश्तों में करता है।

home loan kya hai

होम लोन में सबसे बड़ी सुविधा यह होती है कि आपको लोन की रकम एक साथ नहीं देनी होती आप मासिक किश्तों में अपने होम लोन को चुका सकते हैं।

आपको होम लोन अधिकतम 30 वर्षों के लिए मिलता है जिसकी मासिक किश्तों में ब्याज के साथ मूलधन की भी कुछ रकम जमा होती जाती है और लोन की अवधि समाप्त होते समय आपका ब्याज सहित पूरा मूलधन भी चुकता हो जाता है।

इस तरह होम लोन के माध्यम से आपका अपने घर का सपना भी पूरा हो जाता है किश्तों में लोन भी चुक जाता है और आपको एक साथ इतना पैसा इक्खट्टा करने या एक साथ चुकाने की परेशानी भी नहीं होती।

घर बनवाना या घर खरीदना एक तरह का निवेश भी होता है क्युकि मकान और जमीन की कीमत हर साल बढ़ती रहती है जिससे आगे चलकर आपको बढ़ी हुई कीमतों का भी फायदा मिलता है।

होम लोन में बैंक या फाइनेंस कंपनी आपकी प्रॉपर्टी के डॉक्यूमेंट अपने पास रख लेती है और यदि आप लोन की रकम चुका नहीं पाते तो बैंक को अधिकार होता है कि वह आपके मकान को बेंचकर लोन की रकम वसूल सकती है।

अब हम जान चुके हैं कि होम लोन क्या होता है (Home Loan Kya Hai) पर होम लोन भी अलग-अलग प्रकार का होता है आइये जानते हैं कि होम लोन कितने प्रकार का होता है (Loan Ke Prakar)

इसे भी पढ़ें – बिज़नेस लोन क्या है बिज़नेस लोन के लिए कैसे अप्लाई करें

होम लोन कितने प्रकार का होता है (Home Loan Ke Prakar)

होम लोन ऋण लेने के उद्देश्य और ब्याज दर के आधार पर अलग-अलग प्रकार के होते हैं आइये एक-एक करके इनके बारे में विस्तार से समझते हैं =>

home loan

होम लोन के प्रकार (उद्देश्य के आधार पर)

होम कंस्ट्रक्शन लोन (घर बनवाने के लिए लोन)

अगर आप कोई बना बनाया मकान नहीं खरीदना चाहते और अपनी किसी जमीन या प्लाट पर जो आपने पहले से ले रखा होता है उस पर नया मकान बनाने के लिए लोन लेना चाहते हैं तो मकान बनाने के लिए जो होम लोन लिया जाता है उसे होम कंस्ट्रक्शन लोन कहा जाता है।

चुकि मकान पहले से बना हुआ नहीं होता इसीलिए लोन की रकम को मकान बनाने में आने वाली लागत (जो कि आपके बनाये गए डिज़ाइन पर निर्भर करती है) के आधार पर अनुमानित किया जाता है।

लैंड परचेस लोन (जमीन खरीदने के लिए लोन)

अगर आप मकान बनाना चाहते हैं तो उसके लिए पहले आपके पास जमीन होना चाहिए और यदि आपके पास जमीन या प्लाट नहीं है तो पहले आप उस प्लाट(जमीन)को खरीदने के लिए भी लोन ले सकते हैं।

जमीन या प्लाट खरीदने के लिए जो लोन लिया जाता है उसे लैंड परचेस लोन कहा जाता है यह भी होम लोन का एक प्रकार है लोन पर जमीन लेने के बाद आप बाद में फिर लोन लेकर उस पर कमान बना सकते हैं।

पर ऐसा भी जरुरी नहीं है कि यदि आपने लोन लेकर जमीन खरीदी है तो आप उस पर मकान बनाओ ही जैसा कि हमने पहले भी बताया था जमीन या मकान खरीदना एक तरह का इन्वेस्टमेंट भी होता है।

यदि आप चाहें तो बाद में बढे हुए दामों पर उस जमीन या प्लाट को बेंच भी सकते हैं और मुनाफा कमा सकते हैं।

होम परचेस लोन (घर खरीदने के लिए लोन)

जब आप मकान बनवाने के लिए लोन लेने के स्थान पर किसी पहले से बने बनाये मकान को खरीदने के लिए बैंक या फाइनेंस कंपनी से लोन लेते है तो इसे होम परचेस लोन कहा जाता है।

आप किसी से भी मकान खरीद सकते हैं चाहे वह कोई सामान्य व्यक्ति हो या कोई बिल्डर या सरकारी आवास का निर्माण करने वाली एजेंसी इसके लिए बैंक या फाइनेंस कंपनी की तरफ से कोई पाबंधी नहीं होती।

होम इम्प्रूवमेंट लोन (घर की मरम्मत के लिए लोन)

समय के साथ हर चीज पुरानी हो जाती है और उसमे टूट-फूट होने लगती है इसी प्रकार यदि आपका मकान पुराना है और उसे मरम्मत की जरुरत है तो आप उसके लिए भी लोन ले सकते हैं।

घर की मरम्मत के लिए जो लोन लिया जाता है उसे होम इम्प्रूवमेंट लोन कहा जाता है।

होम एक्सटेंशन लोन (घर में कुछ नया जुड़वाने के लिए लोन)

कई बार हमारा घर छोटा होने की वजह से या किसी सुविधा की कमी की वजह से हम उसमे कुछ बदलाव करना या जोड़ना चाहते हैं जैसे एक-दो नए कमरे जोड़ना, किचिन जोड़ना, बाथरूम बनवाना आदि।

इन कामों के लिए भी हम बैंक या फाइनेंस कंपनी से होम लोन ले सकते हैं, इस तरह के लोन को होम एक्सटेंशन लोन कहा जाता है।

टॉप अप होम लोन (पुराने लोन पर अतिरिक्त लोन बढ़वाना)

ऐसा हो सकता हैं कि आप घर बनवाने के लिए पहले से होम लोन ले लें और उस पैसे से मकान बनवाये पर यदि वो पैसे कम पड़ जाए तो या आपका कोई पुराना होम लोन चल रहा हो।

और अब आपको अपने घर में कुछ मरम्मत या कुछ और कमरे या कुछ और जोड़ने के लिए पैसों की जरुरत हो तो इन सभी कामों के लिए आप अपने पहले से चल रहे होम लोन में और लोन जुड़वा कर उसी लोन में और लोन प्राप्त कर सकते हैं।

इस तरह के होम लोन को टॉप अप होम लोन कहते हैं। घर से सम्बंधित किस अन्य कार्य के लिए भी आप टॉप अप होम लोन ले सकते हैं।

ब्रिज होम लोन (नए घर की शुरुवाती पेमेंट के लिए छोटा लोन)

यदि आप अपने पुराने घर को बेंचकर कोई नया घर लेना चाहते हैं पर नए घर की शुरुवाती पेमेंट और अन्य खर्चों के लिए आपके पास पैसे नहीं हैं तो ब्रिज लोन आपकी मदद कर सकता है।

बैंक आपके पुराने घर के आधार पर आपको आपके नए घर की डाउन पेमेंट और शुरुवाती खर्चों के लिए लोन दे देती है इस लोन को ब्रिज होम लोन कहा जाता है।

जब आपका पुराना मकान बिक जाता है तो आप उस रकम से नए मकान की बाकि पेमेंट कर देते हैं और शेष पैसों से बैंक को ब्याज सहित ब्रिज होम लोन के पैसे चुका देते हैं।

इस तरह के होम लोन कम अवधि के होते है इसीलिए ब्रिज होम लोन की ब्याज दर अन्य होम लोन से थोड़ी ज्यादा होती है।

कम्पोजिट होम लोन (जमीन व मकान के लिए एकसाथ लोन)

अब ऐसी स्थिति भी हो सकती हो कि आपको घर भी बनवाना हो और उसके लिए आपको जमीन या प्लॉट भी खरीदना हो यानि आप जमीन खरीदकर उस पर मकान बनाना चाह रहे हों।

तो इन दोनों कामों के लिए आप बैंक से एक साथ लोन ले सकते हैं जिससे आप जमीन भी खरीद सकते हैं और उस पर घर भी बनवा सकते हैं।

इस तरह के लोन में बैंक आपको जमीन खरीदने और घर बनवाने दोनों के लिए एक साथ लोन की एकमुश्त रकम जारी करता है और इस रकम का उपयोग अलग-अलग कामों के लिए होता है इसीलिए इसे कम्पोजिट होम लोन कहा जाता है।

जॉइंट होम लोन (संयुक्त होम लोन)

जैसा कि हम जानते हैं कि कोई भी लोन हमें हमारी आय के आधार पर ही मिलता है तो ऐसा हो सकता है कि आप जितनी रकम का होम लोन लेना चाह रहें हों आपकी इनकम के आधार पर आपको उतना होम लोन ना मिल पा रहा हो।

ऐसी स्थिति में या किसी और अन्य कारण से आप दो या अधिक लोगों के साथ मिलकर होम लोन ले सकते हैं इसमें लोन लेने वाले सभी सांझेदारों के डाक्यूमेंट्स देने पड़ते हैं।

इस तरह के होम लोन को जॉइंट होम लोन या संयुक्त गृह ऋण कहा जाता है, ये लोन पति-पत्नी पुत्र-पुत्री या माता-पिता के साथ लिया जा सकता है।

एन आर आई होम लोन (विदेश में रह रहे भारतियों के लिए लोन)

ऐसे भारतीय नागरिक जो विदेश में रहते हैं उन्हें भी इंडिया में घर बनवाने या प्रॉपर्टी खरीदने के लिए बैंक होम लोन की सुविधा प्रदान करती हैं जिसका लाभ लेकर वह इंडिया में भी अपना घर बनवा सकते हैं।

विदेश में रह रहे नागरिक के पास होम लोन के लिए आवेदन करने के लिए निम्न लिखित में से कोई एक दर्जा होना चाहिए तभी वह होम लोन के लिए आवेदन कर सकता है =>

  • नॉन रेजिडेंट इंडियन| Non Resident Indian (NRI)
  • पर्सन आफ इंडियन ओरिजिन | Person of Indian origin (PIO)
  • ओवरसीज सिटिजन ऑफ इंडिया| Overseas Citizen of India (OCI)

खुद के विदेशी भारतीय नागरिक(एन आर आई) होने के प्रमाण के रूप में पासपोर्ट, वीजा,​ नियोक्ता पहचान पत्र, वर्क प​रमिट, विदेश का निवास प्रमाण पत्र आदि दस्तावेज प्रस्तुत करने होते हैं।

नोट: अफगानिस्तान, चीन, ईरान, नेपाल, पाकिस्तान, बांग्लादेश, श्रीलंका, भूटान आदि देशों के नागरिक एनआरआई होमलोन के लिए आवेदन नहीं कर सकते।

होम लोन बैलेंस ट्रांसफर (लोन का एक बैंक से दूसरे बैंक में हस्तांतरण)

कई बार ऐसा होता है कि किसी बैंक या फाइनेंस कम्पनी से होम लोन लेने के बाद हमें लगता है कि उनकी ब्याज दर या लोन की शर्तें ठीक नहीं है या यदि आप किसी अन्य कारण से भी लोन देने वाली संस्था से खुश नहीं है।

तो आप अपने होम लोन को किसी और बैंक या फाइनेंस कंपनी में हस्तांतरित कर सकते हैं अधिकांश बैंक और फाइनेंस कम्पनियाँ होम लोन ट्रांसफर की सुविधा प्रदान करती हैं।

एक बार होम लोन ट्रांसफर की प्रक्रिया पूरी हो जाती और आपका होम लोन नए बैंक के पास ट्रांसफर हो जाता है तो आपको नए बैंक की शर्तों और ब्याज दर के अनुसार आपकी बाकि लोन की किश्तें जमा करनी होती हैं।

अब तक हमने जाना कि होम लोन क्या होता है (Home Loan Kya Hai) और उद्देश्य के आधार पर होम लोन कितने प्रकार के होते हैं आइये अब जानते हैं कि ब्याज दर के आधार पर होम लोन कितने प्रकार के होते हैं।

इसे भी पढ़ें – पर्सनल लोन क्या होता है पर्सनल लोन लिए अप्लाई कैसे करें

होम लोन के प्रकार (ब्याज दर के आधार पर)

ब्याज दर के आधार पर होम लोन दो प्रकार के होते हैं =>

types of home loan

स्थाई ब्याज दर पर होम लोन (फिक्स्ड इंटरेस्ट रेट)

फिक्स्ड इंटरेस्ट रेट वाले होम लोन में ब्याज की दर हमेशा एक सामान होती है जो दर होम लोन लेते समय रहती है वही दर लोन के अंत तक रहती है।

इस पर सरकार द्वारा किये गए नीतियों में परिवर्तन या ब्याज दरों में कमी या वृद्धि का कोई असर नहीं होता है इसीलिए इसे अपरिवर्तनशील ब्याज दर भी कहा जाता है।

इसमें फायदा यह होता है कि यदि बाद में होम लोन की ब्याज दरों में वृद्धि होती है तो आपको बढ़ी हुई ब्याज दर के आधार पर लोन की बढ़ी हुई किश्त नहीं देनी पड़ती।

पर इसके साथ एक नुकसान भी होता है कि यदि ब्याज दरों में कमी आ जाती है तो आपको घटी हुई ब्याज दरों का भी लाभ नहीं मिल पाता।

परिवर्तनशील ब्याज दर पर होम लोन (फ्लोटिंग इंटरेस्ट रेट)

यह फिक्स्ड इंटरेस्ट रेट वाले होम लोन के विपरीत होता है इसमें ब्याज की दर परिवर्तनशील होती है जो सरकार या रिजर्ब बैंक द्वारा ब्याज दरों में किये गए परिवर्तन के अनुसार बदलती रहती है।

इसमें सरकार द्वारा किये गए नीतियों में परिवर्तन या ब्याज दरों में कमी या वृद्धि के आधार पर ब्याज दरों में परिवर्तन होता रहता है इसीलिए इसे परिवर्तनशील ब्याज दर भी कहा जाता है।

इसमें नुकसान यह होता है कि यदि बाद में होम लोन की ब्याज दरों में वृद्धि होती है तो आपको बढ़ी हुई ब्याज दर के आधार पर लोन की बढ़ी हुई किश्त देनी पड़ती।

पर इसके साथ एक फायदा भी होता है कि यदि ब्याज दरों में कमी आ जाती है तो आपको घटी हुई ब्याज दरों का लाभ भी मिलता है जिससे आपको घटी हुई ब्याज दरों पर लोन की बाकि किश्तें देनी होती हैं।

अब तक हमने जाना कि होम लोन क्या होता है (Home Loan Kya Hai), होम लोन कितने प्रकार का होता है (Loan Ke Prakar) आइये अब जानते हैं कि होम लोन के लिए कैसे अप्लाई करे।

होम लोन के लिए कैसे अप्लाई करें

होम लोन के लिए अप्लाई करने से पहले आप बैंक में आवेदन की शर्तों और संलग्न किये जाने वाले डाक्यूमेंट्स के बारे में और अपने लोन के बारे बात कर ले क्युकि हर बैंक में नियमों में थोड़े बहुत अंतर होते हैं सामान्यतः होम लोन के लिए अप्लाई करने के लिए निम्न चरणों का ध्यान रखना होगा =>

  • बैंक से होम लोन का आवेदन फार्म प्राप्त कर ले और उसमें मांगी गई सभी जानकारियों को सही से भरें इसके लिए आप बैंक के किसी अधिकारी/कर्मचारी की मदद ले सकते हैं।
  • अपनी पहचान से सम्बंधित डॉक्यूमेंट जैसे आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस आदि अपने आवेदन फॉर्म में संलग्न करें।
  • अपने एड्रेस प्रूफ से सम्बंधित डॉक्यूमेंट जैसे आधार कार्ड, बिजली बिल, पानी का बिल, रेंट एग्रीमेंट आदि जो भी हो उसे संलग्न करें।
  • आपके व्यवसाय या नौकरी से सम्बंधित डॉक्यूमेंट जैसे व्यवसाय का पता, गुमास्ता ,नौकरी की कंपनी का पता, जॉब आई डी कार्ड आदि संलग्न करें।
  • आपकी आय से सम्बंधित डॉक्यूमेंट जैसे 3 साल का इनकम टेक्स रिटर्न, फॉर्म 16, 2 सैलरी स्लिप या सैलरी अकाउंट का स्टेटमेंट आदि आपके पेशे के अनुसार संलग्न करें।
  • यदि आपने पहले से कोई लोन ले रखा है तो उससे सम्बंधित डॉक्यूमेंट और जानकारी, पिछली 6 महीनो में जमा किये गई किश्तों का स्टेटमेंट आदि संलग्न करें।
  • यह ध्यान रखें कि बैंक हमेशा आपकी मासिक आय के 60% (40%मासिक खर्च मानकर) के 60 गुना तक आपको लोन दे सकते हैं तो यदि आपकी आय के अनुसार लोन की राशि कम हो तो आप अपने परिवार के किसी सदस्य के साथ जॉइंट होम लोन के लिए अप्लाई कर सकते हैं।
  • सभी दस्तावेज संलग्न करने और स्वयं सत्यापित करने के बाद एक बार जाँच ले कि आपने सभी जानकरियों को सही भरा है या नहीं और फिर आवेदन फॉर्म को बैंक में जमा कर दें।
  • बैंक अधिकारी आपके आवेदन की समीक्षा करेंगे आपके डाक्यूमेंट्स को वेरीफाई करेंगे और यदि सब सही होता है तो आपका लोन सेंशन हो जाएगा।

इसे भी पढ़ें – होम लोन के लिए आवेदन करने के लिए आवश्यक डाक्यूमेंट्स

हमने यह होम लोन से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण तथ्यों जैसे होम लोन क्या होता है (Home Loan Kya Hai), होम लोन कितने प्रकार का होता है (Loan Ke Prakar) और होम लोन के लिए कैसे अप्लाई करे आदि को समझाने कर प्रयास किया है।

आशा करते हैं कि आपको हमारा ये प्रयास पसंद आएगा और आप समझ पाएंगे कि होम लोन क्या होता है (Home Loan Kya Hai), होम लोन कितने प्रकार का होता है।

यदि आपके मन में होम लोन से सम्बंधित कोई और सवाल हो तो आप हमें कमेंट सेक्शन में जरूर बताये हमें आपके सवालों के जवाब देने में बहुत ख़ुशी होगी।

अगर आपको हमारा प्रयास अच्छा लगा हो तो इसे अन्य लोगों को भी शेयर करें और हमारे नोटिफिकेशन बेल को सब्सक्राइब कर ले ताकि आपको हमारे सभी आने वाले पोस्ट की जानकारी प्राप्त हो जाये।

Hello Friends My Name Is Anand Patel. I Am 30 Years Old. I have done an M.B.A. in finance and marketing, I Am The Owner And Founder of the loanbudy.com blog. I Am A Professional Blogger, Content Writer, Entrepreneur, Web Designer, Youtuber, Digital Marketer, Influencer And Affiliate Marketer. If you like this post then please like and share it with others and if you have any issue with the content then please contact me, we will defiantly add/remove or edit the content as per the requirements.

3 COMMENTS

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here